शांति की कोख से अशांति का बिगुल, आग के शोलों में बदली देश की राजधानी

दिल्ली के शाहीन बाग में सीएए के खिलाफ आंदोलन की चिंगारी आखिरकार दंगों के रूप में आग के शोलों में परिवर्तित हो गई। उत्तर पूर्वी दिल्ली 6 दिन से तबाही की गवाह बन रही है जिसमें 38 मौतें हो चुकी हैं और 100 से ज्यादा घायल हैं। पार्षद के घर से पेट्रोल बम मिल रहे हैं तो आसपास के इलाकों के नालें लाश उगल रहे हैं।

दिल्ली में गुरुवार को तनावपूर्ण हालात के बीच शांति रही। 11 और घायलों के दम तोड़ने के साथ ही मौतों का आंकड़ा 38 हो गया। 48 एफआईआर दर्ज कर 136 दंगाई गिरफ्तार किए जा चुके हैं। सभी मामलों की जांच के लिए क्राइम ब्रांच की दो एसआईटी गठित की गई हैं।

दिल्ली पुलिस ने सोमवार को दावा किया था कि दंगे सुनियोजित साजिश के तहत करवाए गए हैं। हिंसाग्रस्त इलाकों में कई जगह बड़ी गुलेल जैसे पेट्रोल बम लॉन्चर, पेट्रोल बम, पत्थर और एसिड पाउच मिलने से सुनियोजित साजिश की आशंका पुख्ता भी होती है लेकिन इसके पीछे की साजिश की किसी भी कड़ी का पुलिस ने अभी तक खुलासा नहीं किया है

इसी बीच, दिल्ली हाई कोर्ट ने भड़काऊ बयान देने वाले तीन भाजपा नेताओं पर केस दर्ज करने पर सुनवाई चार सप्ताह तक टाल दी। बुधवार को जस्टिस एस मुरलीधर और तलवंत सिंह की बेंच ने पुलिस को गुरुवार तक एफआईआर पर फैसला लेने के निर्देश दिए थे।

बुधवार देर रात जस्टिस मुरलीधर के तबादले का नोटिफिकेशन जारी हो गया था। गुरुवार को इस मुद्दे पर चीफ जस्टिस डीएन पटेल और जस्टिस सी हरि शंकर की बेंच ने सुनवाई की।

चांदबाग में आम आदमी पार्टी के पार्षद ताहिर हुसैन के घर की छत पर पेट्रोल बम, एसिड पाउच, पत्थर और गुलेल मिलीं। आईबी कर्मी अंकित की भी यहीं हत्या किए जाने का आरोप है। बिल्डिंग में ताहिर परिवार के साथ रहते हैं। नीचे के दो फ्लोर पर उसकी फैक्ट्री है।

केंद्र ने गुरुवार को हाईकोर्ट में कहा कि भड़काऊ बयान देने वाले भाजपा नेताओं पर केस दर्ज करने का अभी माहौल नहीं है। सॉलिसीटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि हालात सामान्य होने तक न्यायिक दखल न करें। कोर्ट ने सुनवाई 4 सप्ताह के लिए टाल दी।

कुछ वीडियो में ताहिर की छत से 100-150 लोग पेट्रोल बम फेंकते दिखे हैं। वहीं पर गुरुवार को पेट्रोल बम मिले। ताहिर ने आरोप नकारे हैं। दावा किया कि घटना के दिन घर पर नहीं था। अंकित की हत्या में भी हाथ नहीं।

शुरू में आम आदमी पार्टी ने ताहिर का बचाव किया, लेकिन देर शाम पार्टी से निलंबित कर दिया। पुलिस ने उसकी बिल्डिंग सील कर दी। हत्या का केस दर्ज कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी।

भड़काऊ बयान के लिए सोनिया गांधी, राहुल, प्रियंका, मनीष सिसोदिया पर केस के लिए हाईकोर्ट में याचिकाएं दायर। भड़काऊ भाषणों पर रोक के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है। मांग है कि हेट स्पीच रोकने को लॉ कमीशन की सिफारिशें लागू की जाएं।दिल्ली के शिव विहार में एक रेहड़ी और इमारत की छत पर गुलेल जैसे बड़े पेट्रोल बम लॉन्चर लगे मिले।

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